पेरिस के सबसे खूबसूरत और ऐतिहासिक स्थलों में से एक—शानदार नोट्रे-डेम कैथेड्रल के ठीक नीचे क्वाई डी मोंटेबेलो (Quai de Montebello) पर—'नाना' (Nanna) नाम की एक अनोखी नाव ने अपना डेरा डाला है। अगले दस वर्षों तक फ्रांसीसी राजधानी के केंद्र में संचालित होने वाले इस प्रोजेक्ट के संस्थापकों ने इसे पहले ही "पेरिस का सबसे बड़ा बुक बॉक्स" करार दिया है। यह केवल पानी पर तैरने वाली किताबों की दुकान नहीं है, बल्कि एक अनूठा सांस्कृतिक स्थान है जहाँ साहित्य, संगीत और शहर की जीवनशैली का सुंदर संगम देखने को मिलता है।
किताबें, जिन्हें वापस करने की ज़रूरत नहीं
'नाना' की सबसे बड़ी विशेषता इसका सेल्फ-सर्विस फॉर्मेट और पाठकों को मिलने वाली पूरी आज़ादी है। इस नाव पर 5,000 से अधिक पुस्तकों का एक विशाल संग्रह मौजूद है। इन्हें विभिन्न श्रेणियों में व्यवस्थित किया गया है, जिनमें फ्रांसीसी क्लासिक्स, विश्व साहित्य, कविता और नाटक शामिल हैं। यहाँ महिला लेखिकाओं की रचनाओं पर विशेष ध्यान दिया गया है।
इस "लाइब्रेरी" के नियम बेहद सरल और उदार हैं: आगंतुक अपनी पसंद की कोई भी किताब बिना किसी वापसी की शर्त के ले जा सकते हैं। यही नहीं, मेहमान अपनी किताबें भी यहाँ ला सकते हैं ताकि उन्हें दूसरों के साथ साझा किया जा सके और इस साझा संग्रह को बढ़ाया जा सके।
प्रोजेक्ट के लिटरेरी क्यूरेटर ह्यूगो ब्यूटन (Hugo Button) इस अवधारणा की सादगी पर ज़ोर देते हुए कहते हैं: "लोग यहाँ किताबें लेने आते हैं, और बस—उन्हें इन्हें वापस करने की ज़रूरत नहीं है। वे अपनी किताबें भी यहाँ ला सकते हैं।"
दिन में किताबों का साथ, शाम को डीजे की धुन
सूरज ढलते ही यह नाव किताब प्रेमियों के शांत ठिकाने से बदलकर मेल-मिलाप और मनोरंजन के एक जीवंत केंद्र में तब्दील हो जाती है। शाम के समय यहाँ डीजे सेट्स की गूँज होती है, बार खुलता है, और 'लिटरेरी स्पीड-डेटिंग' के साथ-साथ समकालीन लेखकों के साथ संवाद के कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं।
प्रोजेक्ट के सह-संस्थापक निकोलस लॉगेरो लासेरे (Nicolas Laugero Lasserre) बताते हैं कि इस स्थान के लिए पानी को ही क्यों चुना गया: "सीन नदी हमेशा से कलाकारों और कवियों के लिए प्रेरणा का एक शक्तिशाली स्रोत रही है, इसलिए पानी पर इस साहित्यिक नाव को स्थापित करना पूरी तरह से स्वाभाविक था।" उनके अनुसार, 'नाना' का माहौल आगंतुकों को सुकून से बैठने, ड्रिंक का आनंद लेने, किताबें पलटने और साहित्य के प्रति अपने जुनून में पूरी तरह डूबने का अवसर देता है।
किताबों के कारोबार में संकट के बीच आशा की एक किरण
'नाना' की शुरुआत फ्रांसीसी पुस्तक बाज़ार के लिए एक चुनौतीपूर्ण समय में हुई है। नेशनल बुक सेंटर (Centre national du Livre) के आंकड़ों के अनुसार, साल 2025 एक चिंताजनक मोड़ साबित हुआ है: लंबे समय में पहली बार फ्रांस में नई दुकानें खुलने के बजाय अधिक बुकस्टोर बंद हुए हैं (85 बंद होने के मुकाबले केवल 83 नई दुकानें खुली हैं)।
ऐसे माहौल में, इस नाव के निर्माताओं की पहल बदलाव की एक ताज़ा लहर की तरह है। इसके खुलने के पहले ही हफ़्ते यहाँ पहुँची विजुअल आर्टिस्ट ऑरोर शेवेलियर (Aurore Chevalier) ने अपने अनुभव साझा किए: "यह मुझे उम्मीद से भर देता है, क्योंकि इस तरह का प्रारूप अधिक लोगों को किताबों और साहित्य की ओर आकर्षित कर सकता है।"
'नाना' का यह तैरता हुआ स्थान पेरिस के निवासियों और पर्यटकों को दैनिक जीवन में पढ़ाई को शामिल करने का एक नया नज़रिया प्रदान करता है। नवनिर्मित नोट्रे-डेम का नज़ारा, हज़ारों किताबों तक मुफ़्त पहुँच और शाम को जीवंत संगीत का मेल इस नाव को पेरिस के सबसे आकर्षक नए सांस्कृतिक केंद्रों में से एक बनाता है।



